What is POSH Training in Hindi?

जानें क्या है POSH Training?(What is POSH Training)

क्या आपने पीओएसएच प्रशिक्षण के बारे में सुना है? यह सिर्फ कुछ फैशनेबल अक्षर नहीं हैं – यह एक ऐसा महत्वपूर्ण कदम है जिसके जरिए हम अपने कार्यस्थल को हानिकारक और अपमानजनक व्यवहार से मुक्त बना सकते हैं। आइए देखते हैं कि पीओएसएच का मतलब क्या है और यह आपके लिए क्यों मायने रखता है।

पीओएसएच का मतलब है यौन उत्पीड़न रोकथाम (Prevention of Sexual Harassment).

सरल शब्दों में कहें तो यह एक प्रशिक्षण कार्यक्रम है जो कर्मचारियों को यौन उत्पीड़न के बारे में शिक्षित करता है, इसकी रोकथाम के लिए कदम उठाता है और सभी के लिए एक सुरक्षित और सहायक कार्य वातावरण सुनिश्चित करता है।

यहाँ जानें क्यों पीओएसएच प्रशिक्षण महत्वपूर्ण है:

  • आपकी सुरक्षा: यौन उत्पीड़न विनाशकारी हो सकता है, जिससे कामकाज का प्रदर्शन, मानसिक स्वास्थ्य और कुल मिलाकर आपका अच्छा-बुरा प्रभावित हो सकता है। पीओएसएच प्रशिक्षण आपको किसी भी अनुचित व्यवहार को पहचानने और रिपोर्ट करने का अधिकार देता है, जिससे आप खुद और दूसरों की रक्षा कर सकते हैं।
  • न्यायपूर्ण वातावरण बनाना: हर किसी को काम पर सुरक्षित और सम्मानित महसूस करने का अधिकार है। पीओएसएच प्रशिक्षण भेदभावपूर्ण और अपमानजनक व्यवहार के प्रति शून्य सहनशीलता की संस्कृति को बढ़ावा देता है, जिससे सभी के लिए एक निष्पक्ष और समान वातावरण सुनिश्चित होता है।
  • कानूनी अनुपालन: संगठनों का यौन उत्पीड़न को रोकने और उसका समाधान करने का कानूनी दायित्व है। पीओएसएच प्रशिक्षण कंपनियों को प्रासंगिक कानूनों और विनियमों का पालन करने में मदद करता है, जिससे कानूनी कार्रवाई से बचा जा सकता है।
  • विश्वास का निर्माण: जब कर्मचारी अपने कार्यस्थल पर सुरक्षित और आश्वस्त महसूस करते हैं, तो यह विश्वास और सहयोग को बढ़ावा देता है, जिससे उत्पादकता और मनोबल में वृद्धि होती है।

पीओएसएच प्रशिक्षण में क्या शामिल है?

  • यौन उत्पीड़न को समझना: प्रशिक्षण यौन उत्पीड़न के विभिन्न रूपों को परिभाषित करता है, जिसमें अप्रिय चुटकुले और अवांछित प्रगति से लेकर शारीरिक हमले तक शामिल हैं।
  • संकेतों को पहचानना: प्रतिभागी उत्पीड़न के सूक्ष्म और स्पष्ट संकेतों को पहचानना सीखते हैं, जिससे उन्हें कार्रवाई करने का अधिकार मिलता है।
  • रिपोर्टिंग तंत्र: प्रशिक्षण आंतरिक शिकायत प्रक्रिया की व्याख्या करता है, जिसमें बताया जाता है कि किसको रिपोर्ट करनी है और शिकायत कैसे दर्ज करनी है।
  • बाईस्टैंडर हस्तक्षेप: प्रतिभागी सीखते हैं कि अगर वे उत्पीड़न को देखते हैं या उस पर शक करते हैं तो सुरक्षित और प्रभावी रूप से हस्तक्षेप कैसे करें।
  • कंपनी की नीतियां: उन्हें अपने संगठन की यौन उत्पीड़न संबंधी नीतियों और उनके लागू होने के तरीके के बारे में जानकारी मिलती है।

पीओएसएच प्रशिक्षण सिर्फ एक बार की घटना नहीं है. यह एक सतत प्रक्रिया है जिसके लिए निरंतर जागरूकता और प्रतिबद्धता की आवश्यकता होती है। पीओएसएच प्रशिक्षण में सक्रिय रूप से भाग लेने और इसके सिद्धांतों को बनाए रखने से, हम ऐसे कार्यस्थल बना सकते हैं जहाँ हर कोई मूल्यवान, सम्मानित और सुरक्षित महसूस करे।

याद रखें, एक खुशहाल और स्वस्थ कार्यस्थल पीओएसएच से ही शुरू होता है!

 

पीओएसएच कानून और दायित्व:

  • भारत में, यौन उत्पीड़न से महिलाओं का संरक्षण (निवारण, निषेध और प्रतितोष) अधिनियम, 2013 (POSH Act) कंपनियों को सभी कर्मचारियों के लिए एक सुरक्षित और उत्पीड़न मुक्त कार्यस्थल सुनिश्चित करने के लिए एक कानूनी ढांचा प्रदान करता है।
  • इस अधिनियम के तहत, 10 या अधिक कर्मचारियों वाले हर संगठन के लिए हर साल पीओएसएच प्रशिक्षण आयोजित करना अनिवार्य है।
  • इसमें आंतरिक शिकायत समिति (ICC) का गठन करना भी शामिल है जो यौन उत्पीड़न के आरोपों की जांच करती है और उसका समाधान करती है।

पीओएसएच प्रशिक्षण के लाभ:

  • कर्मचारियों के बीच उत्पादकता और नौकरी से संतुष्टि में वृद्धि।
  • कम अनुपस्थिति और कारोबार।
  • कंपनी की ब्रांड छवि में सुधार।
  • कानूनी दावों और जुर्माने से बचाव।

पीओएसएच प्रशिक्षण कैसे लें?:

  • आपका संगठन आमतौर पर आपके लिए अनिवार्य प्रशिक्षण का आयोजन करेगा।
  • कई ऑनलाइन संसाधन और मॉड्यूल भी उपलब्ध हैं जिनका आप व्यक्तिगत रूप से उपयोग कर सकते हैं।
  • कुछ गैर-सरकारी संगठन (NGOs) और प्रशिक्षण केंद्र भी पीओएसएच कार्यक्रम आयोजित करते हैं।

पीओएसएच माहौल बनाए रखना:

  • प्रशिक्षण के अलावा, संगठनों को उत्पीड़न मुक्त वातावरण को बढ़ावा देने के लिए अन्य कदम उठाने चाहिए:
    • स्पष्ट यौन उत्पीड़न विरोधी नीतियां तैयार और लागू करें।
    • शिकायतों की निष्पक्ष और समय पर जांच सुनिश्चित करें।
    • कर्मचारियों को उत्पीड़न को रोकने में अपनी भूमिका समझने में मदद करें।
    • एक खुले और संवादात्मक कार्यस्थल का वातावरण बनाएं।

पीओएसएच प्रशिक्षण एक शक्तिशाली उपकरण है जो कार्यस्थल पर समानता, सम्मान और सुरक्षा को बढ़ावा देता है। यह सुनिश्चित करने के लिए कि कार्यस्थल सभी के लिए सकारात्मक और उत्पादक अनुभव हो, इसमें सक्रिय रूप से भाग लेना और अपने आसपास के वातावरण का समर्थन करना महत्वपूर्ण है।

मुझे आशा है कि यह अतिरिक्त जानकारी आपके लिए सहायक है। क्या आपके पास कोई और प्रश्न हैं?

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